शुभ मुहूर्त
नवम्बर सन् 2009 विवाह मुहूर्त्त पंजाब-हरियाणा-हिमाचल-कश्मीर 1 नवम्बर: अश्विनी में भद्रा से पूर्व (भीष्मपंचक)
2 नवम्बर: अश्विनी में भद्रा बाद (भीष्मपंचक)
4 नवम्बर: रोहिणी में
5 नवम्बर: रोहिणी में प्रात: 8.09 तक
10 नवम्बर: मघा में (तिथि-क्षय हेतु चावल-दान)
11 नवम्बर: मघा में
12 नवम्बर: उत्तराफाल्गुनी में सायं 6.54 के बाद
13 नवम्बर: हस्त में
समस्त प्रान्तों में विवाह मुहूर्त्त 22-23 नवम्बर: श्रवण में (यजुर्वेदी)
27 नवम्बर: उत्तराभाद्रपद में
29 नवम्बर: अश्विनी में (यजुर्वेदी)
द्विरागमन (गौना) मुहूर्त्त 18 नवम्बर: अनुराधा में
19 नवम्बर: मूल में
22 नवम्बर: उत्तराषाढ, श्रवण में
23 नवम्बर: श्रवण, धनिष्ठा में
25 नवम्बर: शतभिषा-अष्टमी में
27 नवम्बर: उत्तराभाद्रपद में
29 नवम्बर: अश्विनी में मध्याह्न 11.39 के बाद
मुण्डन एवं यज्ञोपवीत मुहूर्त्त इस माह में नहीं हैं।
शिलान्यास (नींव—पूजन) मुहूर्त्त
विशेष शुभ 2 नवम्बर: अश्विनी में भद्रा के बाद
5 नवम्बर: रोहिणी में भद्रा से पूर्व
सामान्य शुभ 9 नवम्बर: पुष्य में
13 नवम्बर: हस्त में
14 नवम्बर: चित्रा में
18 नवम्बर: अनुराधा में
19 नवम्बर: मूल में
21 नवम्बर: उत्तराषाढ में
23 नवम्बर: श्रवण में
विशेष शुभ
25 नवम्बर: शतभिषा-अष्टमी में
27 नवम्बर: उत्तराभाद्रपद में
गृह—प्रवेश मुहूर्त्त 4 नवम्बर: रोहिणी में
5 नवम्बर: रोहिणी में भद्रा से पूर्व
9 नवम्बर: पुष्य में
विशेष शुभ 13 नवम्बर: हस्त में
14 नवम्बर: चित्रा में
21-22 नवम्बर: उत्तराषाढ में (सामान्य शुभ)
23 नवम्बर: श्रवण में
25 नवम्बर: शतभिषा में
27 नवम्बर: उत्तराभाद्रपद में
28 नवम्बर: रेवती में भद्रा के अतिरिक्त
29 नवम्बर: अश्विनी में मध्याह्न 11.39 से
व्यापार मुहूर्त्त 2 नवम्बर: अश्विनी में भद्रा के बाद
4 नवम्बर: रोहिणी में
5 नवम्बर: रोहिणी में भद्रा से पूर्व
8 नवम्बर: पुनर्वसु में मध्याह्न 11.21 तक
9 नवम्बर: पुष्य में
12 नवम्बर: उत्तराफाल्गुनी में सायं 6.54 से
13 नवम्बर: हस्त में
14 नवम्बर: चित्रा में
21-22 नवम्बर: उत्तराषाढ में
23 नवम्बर: श्रवण में
25 नवम्बर: शतभिषा-अष्टमी में
27 नवम्बर: उत्तराभाद्रपद में
29 नवम्बर: अश्विनी में मध्याह्न 11.39 से
नवम्बर सन् 2009
कार्य-सिद्धि योग
1 नवम्बर को सायं 7.31 से रात्रिपर्यन्त
3 नवम्बर को सायं 6.21 से रात्रिपर्यन्त
4 नवम्बर को सूर्योदय से रात्रिपर्यन्त
8 नवम्बर को दिन में 11.21 से रातभर
9 नवम्बर को प्रात: 9.58 तक
10 नवम्बर को प्रात: 8.43 तक
22 नवम्बर को सूर्योदय से सायं 4.48 तक
23 नवम्बर को सायं 7.57 तक
29 नवम्बर को सूर्योदय से 30 नवम्बर को प्रात: 5.01 तक
अमृत योग
18 नवम्बर को प्रात: 7.01 तक
सर्वदोषनाशक रवि योग
1 नवम्बर को सायं 7.31 तक
8 नवम्बर को दिन में 11.21 से 9 नवम्बर को प्रात: 9.58 तक
19 नवम्बर को प्रात: 8.44 से सायं 6.30 तक
20 नवम्बर को दिन में 11.01 से 21 नवम्बर को दोपहर 1.45 तक
22 नवम्बर को सायं 4.48 से 23 नवम्बर को सायं 7.57 तक
25/26 नवम्बर को रात्रि 1.33 से 28 नवम्बर को प्रात: 4.49 तक
30 नवम्बर को प्रात: 5.01 से 1 दिसम्बर को प्रात: 4.04 तक
द्विपुष्कर (दोगुना फल) योग
24 नवम्बर को सूर्योदय से दोपहर 1.56 तक
त्रिपुष्कर (तीनगुना फल) योग
3 नवम्बर को रात्रि 11.07 से सूर्योदय तक
रवि-पुष्यामृत योग
8 नवम्बर को दिन 11.21 से रातभर
विघ्नकारक भद्रा
1/2 नवम्बर को रात्रि 1.52 से दोपहर 1.18 तक
5 नवम्बर को प्रात: 8.09 से सायं 7.05 तक
8 नवम्बर को मध्याह्न 12.29 से रात्रि 11.27 तक
11 नवम्बर को सायं 5.48 से 12 नवम्बर को प्रात: 4.58 तक
14/15 नवम्बर को रात्रि 1.20 से दोपहर 1.04 तक
20 नवम्बर को सायं 4.56 से 21 नवम्बर को प्रात: 6.01 तक
24 नवम्बर को दोपहर 1.56 से रात्रि 3.05 तक
28 नवम्बर को प्रात: 7.06 से सायं 7.13 तक
पंचक
1 नवम्बर को सायं 7.31 तक
24 नवम्बर को प्रात: 9.27 बजे से 29 नवम्बर को प्रात: 5.17 तक
चंद्रमा का राशि-प्रवेश
1 नवम्बर को सायं 7.31 बजे मेष में
3/4 नवम्बर को मध्यरात्रि 0.03 बजे वृष में
5/6 नवम्बर को रात्रि 3.03 बजे मिथुन में
8 नवम्बर को प्रात: 5.43 बजे कर्क में
10 नवम्बर को प्रात: 8.43 बजे सिंह में
12 नवम्बर को मध्याह्न 12.26 बजे कन्या में
14 नवम्बर को सायं 5.12 बजे तुला में
16 नवम्बर को रात्रि 11.43 बजे वृश्चिक में
19 नवम्बर को प्रात: 8.44 बजे धनु में
21 नवम्बर को रात्रि 8.31 बजे मकर में
24 नवम्बर को प्रात: 9.27 बजे कुम्भ में
26 नवम्बर को रात्रि 9.03 बजे मीन में
29 नवम्बर को प्रात: 5.17 बजे मेष में
मूल-संज्ञक नक्षत्र
रेवती-अश्विनी: मास के प्रारंभ से 2 नवम्बर को सायं 7.10 तक
आश्लेषा-मघा: 9 नवम्बर को प्रात: 9.58 से 11 नवम्बर को प्रात: 7.35 तक
ज्येष्ठा-मूल: 18 नवम्बर को प्रात: 7.01 से 20 नवम्बर को दिन में 11.01 तक
रेवती-अश्विनी: 28 नवम्बर को प्रात: 4.49 से 30 नवम्बर को प्रात: 5.01 तक
पर्व त्यौहार
नवम्बर सन् 2009 1 नवम्बर: वैकुण्ठ चतुर्दशी व्रत, श्रीकाशीविश्वनाथ-प्रतिष्ठा दिवस, सिद्धवट-यात्रा एवं हरि-हर मिलन (उज्जैन),चौमासी चौदस, पाक्षिक प्रतिक्रमण (जैन)
2 नवम्बर: स्नान-दान-व्रत की कार्तिक पूर्णिमा, गंगा-स्नान, देव-दीपावली (काशी), निम्बार्क जन्मोत्सव 5105 वाँ, गुरु नानक जयंती- नानकशाही सम्वत् 541 शुरू, रासपूर्णिमा (गौडीय वैष्णव), स्वामी कार्तिकेय दर्शन-पूजन, पुष्कर-स्नान (राजस्थान), शिप्रा-स्नान एवं श्रीमहाकाल की सवारी (उज्जैन), केदार व्रत (उडीसा), श्रीसत्यनारायण पूजा-कथा, सोनपुर मेला समाप्त (बिहार), भीष्मपंचक समाप्त, सामा-विसर्जन (मिथिलांचल), कार्तिक-स्नान पूर्ण, तुलसी-विवाहोत्सव पूर्ण, सिद्धाचल-यात्रा, श्रीपार्श्वनाथ-रथयात्रा (जैन)
3 नवम्बर: गोप (मार्गशीर्ष) मास प्रारम्भ, कात्यायनी देवी की मासपर्यन्त पूजा
4 नवम्बर: रोहिणी व्रत (दिग. जैन) 5 नवम्बर: संकष्टी श्रीगणेश चतुर्थी व्रत
7 नवम्बर: वीड पंचमी-श्रीमनसादेवी शयन एवं श्रीविषहरा पूजा (मिथिलांचल), अन्नपूर्णा माता का 16 दिवसीय व्रत प्रारम्भ (काशी), रथोत्सव पंचमी (जैन) 8 नवम्बर: वैधृति महापात देर रात 3.55 से
9 नवम्बर: कालभैरवाष्टमी (कालाष्टमी), भैरव जयंती व्रतोत्सव, श्रीकालभैरव दर्शन-पूजन (काशी, उज्जयिनी), अष्टका श्राद्ध, श्रीमहाकाल की सवारी (उज्जैन), वैधृति महापात प्रात: 8.55 तक
10 नवम्बर: प्रथमाष्टमी (उडीसा), अनला नवमी (उडीसा), अन्वष्टका नवमी
11 नवम्बर: श्रीमहावीर स्वामी दीक्षा कल्याणक (जैन)
12 नवम्बर: उत्पन्ना एकादशी व्रत (स्मार्त), वैष्णवों का दूसरे दिन व्रत
14 नवम्बर: शनि-प्रदोष व्रत, नेहरू जयंती, संत ज्ञानेश्वर समाधि उत्सव
15 नवम्बर: मासिक शिवरात्रि व्रत, बिरसा मुण्डा जयंती (झारखण्ड), पाक्षिक प्रतिक्रमण (श्वेत. जैन)
16 नवम्बर: स्नान-दान-श्राद्ध की सोमवती अमावस्या, सूर्य की वृश्चिक-संक्रान्ति दिन में 11.11 बजे, पुण्यकाल सूर्योदय से पूर्वाह्न 11.11 तक, संकल्प में 'हेमन्त ऋतु' का प्रयोजन प्रारम्भ, श्रीमहाकाल की सवारी (उज्जैन)
17 नवम्बर: मार्तण्डभैरव षट्रात्र प्रारम्भ (महाराष्ट्र), रुद्रवत (पीडिया), लाला लाजपतराय बलिदान दिवस
18 नवम्बर: नवीन चन्द्र-दर्शन
19 नवम्बर: हज सफर शुरू (मुस.), महारानी लक्ष्मीबाई जयंती, इंदिरा गाँधी जन्मदिवस, एकता दिवस, स्वामी अखण्डानंद का निर्वाणोत्सव
20 नवम्बर: वरदविनायक चतुर्थी व्रत
21 नवम्बर: श्री सीता-राम विवाहोत्सव (मिथिलांचल, अयोध्या), विहार पंचमी- श्रीबाँकेबिहारी का प्राकट्योत्सव (वृंदावन), नागपंचमी (दक्षिण भारत), श्रीपंचमी व्रत, व्यतिपात महापात रात्रि 12.49 से
22 नवम्बर: स्कन्द (कुमार) षष्ठी व्रत, सुब्रह्मण्यम षष्ठी (गुहषष्ठी-दक्षिण भारत), श्रीअन्नपूर्णा माता का धान से श्रृंगार (काशी), सूर्य सायन धनु राशि में प्रात: 9.53 बजे, खण्डेराव-सवारी, व्यतिपात महापात प्रात: 7.37 तक
23 नवम्बर: चम्पाषष्ठी, मार्तण्ड भैरवोत्थापन, सत्यसाईबाबा जन्मदिवस, मूलकरूपिणी षष्ठी (बंगाल), अन्नपूर्णा-व्रत प्रारम्भ (गुजरात)
24 नवम्बर: मित्र सप्तमी, भक्त नरसिंह मेहता जयंती, त्रिदिवसीय कात्यायनी महापूजा प्रारम्भ, गुरु तेगबहादुर शहीदी 25 नवम्बर: श्रीदुर्गाष्टमी, श्रीअन्नपूर्णाष्टमी व्रत, बुधाष्टमी पर्व (सूर्यग्रहणतुल्य)
26 नवम्बर: नन्दिनी नवमी, जैन दिवाकर चौथ की पुण्यतिथि (स्था. जैन), Thanks giving day (Christian)
27 नवम्बर: दशादित्य व्रत, हज (मुस.)
28 नवम्बर: मोक्षदा एकादशी व्रत, वैकुण्ठ एकादशी (दक्षिण भारत), मौनी ग्यारस (जैन), श्रीमद्भगवद्गीता जयंती, ईद-उल-जुहा (बकरीद)
29 नवम्बर: अखण्ड द्वादशी, व्यंजन द्वादशी, धन द्वादशी (उडीसा), प्रदोष व्रत, श्यामबाबा द्वादशी-ज्योति, First Sunday in advent (Christian)
30 नवम्बर: भरणी दीपम् (दक्षिण भारत), अनंग त्रयोदशी व्रत, St. Andrews day
आप और तिल
शरीर पर तिल होने का फल
माथे पर---------बलवान हो
ठुड्डी पर--------स्त्री से प्रेम न रहे दोनों बांहों के बीच--यात्रा होती रहे
दाहिनी आंख पर----स्त्री से प्रेम
बायीं आंख पर-----स्त्री से कलह रहे
दाहिनी गाल पर-----धनवान हो
बायीं गाल पर------खर्च बढता जाए
होंठ पर----------विषय-वासना में रत रहे
कान पर----------अल्पायु हो
गर्दन पर----------आराम मिले
दाहिनी भुजा पर-----मान-प्रतिष्ठा मिले
बायीं भुजा पर------झगडालू होना
नाक पर----------यात्रा होती रहे
दाहिनी छाती पर-----स्त्री से प्रेम रहे
बायीं छाती पर------स्त्री से झगडा होना
कमर में-----------आयु परेशानी से गुजरे
दोनों छाती के बीच----जीवन सुखी रहे
पेट पर----------उत्तम भोजन का इच्छुक
पीठ पर---------प्राय: यात्रा में रहा करे
दाहिने हथेली पर------बलवान हो
बायीं हथेली पर------खूब खर्च करे
दाहिने हाथ की पीठ पर--धनवान हो
बाएं हाथ की पीठ पर---कम खर्च करे
दाहिने पैर में---------बुद्धिमान हो
बाएं पैर में----------खर्च अधिक हो